रायगढ़ पुलिस का ‘बुलडोजर एक्शन’: सड़कों पर ‘पटाखा’ फोड़ने वाली 50 बाइकों के साइलेंसर हुए चकनाचूर
रायगढ़ (गौरीशंकर गुप्ता)। रायगढ़ की सड़कों पर कानफोड़ू आवाज और बुलेट से ‘पटाखा’ छोड़कर दहशत फैलाने वाले रईसजादों और हुड़दंगियों के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे कड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक (SP) के निर्देशन में चलाए गए विशेष अभियान के तहत पुलिस ने 50 से अधिक मॉडिफाइड साइलेंसरों को जब्त कर उन पर सरेआम बुलडोजर चलवा दिया। पुलिस की इस “सख्त डगर” ने शहर में शोर मचाने वाले युवाओं के बीच हड़कंप मचा दिया है।
क्यों पड़ी बुलडोजर चलाने की जरूरत?
शहर की संकरी गलियों और मुख्य बाजारों में मॉडिफाइड साइलेंसर लगी गाड़ियां न केवल ध्वनि प्रदूषण का कारण बन रही थीं, बल्कि बुजुर्गों, बच्चों और मरीजों के लिए जी का जंजाल बन चुकी थीं। बाइक सवार युवक साइलेंसर में छेद कर या फर्जी टिन-पाइप लगाकर जानबूझकर ‘पटाखा’ जैसी आवाज निकालते थे, जिससे राहगीर अक्सर चौंककर दुर्घटना का शिकार हो जाते थे।
अभियान के मुख्य बिंदु:
- सघन चेकिंग: पुलिस ने बस स्टैंड, मुख्य बाजार, घाट और नाला मार्ग जैसे प्रमुख इलाकों में अचानक चेकिंग पॉइंट लगाए।
- जब्ती: चेकिंग के दौरान ऐसी गाड़ियों को रोका गया जिनसे कानफोड़ू आवाजें आ रही थीं। मौके पर ही मैकेनिकों की मदद से 50 से ज्यादा अवैध साइलेंसर निकलवाए गए।
- मौके पर इंसाफ: जब्त किए गए इन साइलेंसरों को एक स्थान पर इकट्ठा कर पुलिस ने उन पर बुलडोजर फिरवा दिया, ताकि इनका दोबारा इस्तेमाल न हो सके।
“शहर की शांति और नागरिकों की सुरक्षा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह कार्रवाई एक संदेश है कि फैशनेबल शोर के नाम पर नियम तोड़ने वालों के खिलाफ पुलिस का अभियान आगे भी जारी रहेगा।” — रायगढ़ पुलिस प्रशासन
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
साइलेंसरों को बुलडोजर से कुचलने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आम जनता इस कार्रवाई की जमकर सराहना कर रही है, वहीं स्टंट और शोर मचाने वाले युवाओं के बीच पुलिस का खौफ साफ नजर आ रहा है। पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि दोबारा मॉडिफाइड साइलेंसर का उपयोग पाया गया, तो भारी जुर्माने के साथ वाहन जब्ती की कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
