बिना अनुमति चक्काजाम करने पर रायगढ़ पुलिस सख्त, 3 नामजद सहित 15 लोगों पर केस दर्ज
घरघोड़ा (गौरी शंकर गुप्ता)। बिना प्रशासनिक अनुमति सड़क जाम कर प्रदर्शन करने के मामले में रायगढ़ पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए 3 नामजद सहित 10–15 लोगों के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। सराईपाली साप्ताहिक बाजार के पास सराईपाली–गेरवानी मुख्य मार्ग को बाधित कर वाहनों की आवाजाही रोकने से आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। जानकारी के अनुसार 6 मार्च 2026 को ग्राम सराईपाली साप्ताहिक बाजार के पास कुछ ग्रामीणों ने बिना अनुमति मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया था, जिससे सड़क पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और राहगीरों तथा कर्मचारियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम घरघोड़ा, थाना प्रभारी तमनार, नायब तहसीलदार तमनार तथा पूंजीपथरा और तमनार पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों की मांगें सुनकर उन्हें समझाइश दी और बताया कि बिना अनुमति लोक मार्ग को बाधित करना विधि विरुद्ध है। समझाइश के बाद चक्काजाम समाप्त कराया गया और वाहनों की आवाजाही बहाल कराई गई। इस दौरान स्थानीय प्लांट के बस चालक ने थाना पूंजीपथरा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह रायगढ़ से रूपानाधाम स्टील प्लांट सराईपाली के कर्मचारियों को बस से प्लांट छोड़ने जा रहा था। जब बस सराईपाली साप्ताहिक बाजार के पास पहुंची तो सराईपाली निवासी पंकज प्रधान, ईश्वर किसान, संदीप भोय उर्फ पप्पू तथा 10 से 15 अन्य लोगों ने सड़क जाम कर रास्ता रोक दिया और किसी भी वाहन को आने-जाने नहीं दिया। रिपोर्ट के आधार पर थाना पूंजीपथरा में तीन नामजद आरोपियों सहित 10–15 अन्य लोगों के विरुद्ध अपराध क्रमांक 31/2026 धारा 126(2) और 191(2) भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी और अन्य वैधानिक कार्रवाई में जुटी हुई है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि धरना, रैली या किसी भी प्रकार के प्रदर्शन के लिए प्रशासनिक अनुमति लेना अनिवार्य है। बिना अनुमति सड़क जाम कर आमजन को परेशान करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

एसएसपी का सख्त संदेश
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि नागरिकों को अपनी मांग रखने का संवैधानिक अधिकार है, लेकिन बिना अनुमति रैली, धरना या चक्काजाम जैसी गतिविधियों को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों में कड़ी वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
