लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती पर युनिटी मार्च, मंत्री ओपी चौधरी और सांसद राधेश्याम राठिया व देवेन्द्र प्रताप सिंह हुए शामिल
‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने 15 किमी की पदयात्रा में उमड़ा जन सैलाब


घरघोड़ा ( गौरीशंकर गुप्ता)। घरघोड़ा से तमनार तक 15 किमी का भव्य युनिटी मार्च का पूरे रायगढ़ जिले में चर्चा का विषय बना केन्द्र सरकार द्वारा सरदार वल्लभ भाई पटेल के 150 वीं जयंती को युनिटी मार्च के नाम से पूरे देश में मनाने का आहृवान किया है, इस कार्यक्रम को छत्तीसगढ़ के हर जिले में आयोजित किया जा रहा है, रायगढ़ जिले का कार्यक्रम घरघोड़ा तमनार में आयोजित किया गया, जिसमें सभी विभागों के साथ साथ स्कूल के बच्चों ने सहभागिता निभाई। आमजन जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में वृहद स्तर पर युनिटी मार्च का सफल क्रियान्वयन हुआ। एकता के शिल्पकार एवं भारत रत्न सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर रायगढ़ जिले में आज बुधवार को ‘यूनिटी मार्च’ का भव्य शुभारंभ हुआ। यह आयोजन के माध्यम में सरदार पटेल जी के योगदान, उनके दृढ़ नेतृत्व और ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ राष्ट्रीय एकता एवं विकसित भारत के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने का एक सार्थक प्रयास किया जा रहा है। इसके तहत आज विकासखण्ड मुख्यालय घरघोड़ा में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी, लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया और राज्यसभा सांसद देवेन्द्र प्रताप सिंह और जनप्रतिनिधियों ने तमनार तक 12 किलोमीटर पदयात्रा का भारत माता, छत्तीसगढ़ महतारी, सरदार वल्लभ भाई पटेल और महात्मा गांधी के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं विधिवत पूजा-अर्चना कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर स्कूली बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम, देशभक्ति गीत में नृत्य, बारडोली सत्याग्रह, ‘सरदार’ उपाधि की पृष्ठभूमि, 565 रियासतों का विलय और सरदार पटेल के प्रेरक प्रसंग को नुक्कड़ नाटक के माध्यम से रोचक ढंग से प्रस्तुत किया।

यह पदयात्रा घरघोड़ा के गायत्री मंदिर से प्रारंभ होकर जयस्तंभ चौक, होलिका दहन स्थल, कारगिल चौक, स्वामी आत्मानंद स्कूल, झांका दरहा पहुंचेगा। जहां स्थानीय ग्रामीण युवा इस पदयात्रा का स्वागत करेंगे। इसके बाद यह पद यात्रा ग्राम देवगढ़ हायर सेकंडरी स्कूल मार्ग, तमनार के जरेकेला प्रवेश करेगी। इसके बाद बरभाठा, राम मंदिर चौक होते हुए तमनार के स्वामी आत्मानंद स्कूल मैदान में समापन होगी। पद यात्रा पर जनप्रतिनिधियों द्वारा भारत माता की जय, वन्दे मातरम सहित भारत के वीर सपूतों की जयकारे के साथ निकली। इस दौरान स्कूली बच्चों ने तख्ती के माध्यम से सामूहिक शक्ति एवं एकता का प्रतीक, एक भारत श्रेष्ठ भारत, अखंड भारत के शिल्पकार लौह पुरुष भारतरत्न सरदार वल्लभ भाई पटेल को नमन, आओ फिर एक बदलाव करे.., नशे की लत एक बीमारी है, इससे दूर रहना समझदारी है का संदेश दिया है रहा है
इस पद यात्रा में गणमान्य नागरिक, विद्यालय और महाविद्यालयों के छात्र-छात्राएँ, एनएसएस, एनसीसी, माय भारत वालंटियर्स सहित विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक एवं शैक्षणिक संस्थानों के सदस्य बड़ी संख्या में उत्साहपूर्वक शामिल हो रहे है।

सशक्त भारत” की परिकल्पना के मुख्य बिंदु: आत्मनिर्भरता: भारत को आर्थिक और रक्षा जैसे सभी क्षेत्रों में आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि यह किसी अन्य पर निर्भर न रहे। सामाजिक सशक्तिकरण: समाज के हर वर्ग, विशेषकर महिलाओं और युवाओं को सशक्त बनाना है, ताकि वे समान अवसर प्राप्त कर सकें और समाज के विकास में योगदान दे सकें।
आर्थिक विकास: आर्थिक विकास की समावेशी और सतत वृद्धि सुनिश्चित करना। वैश्विक भूमिका: “वसुधैव कुटुम्बकम्” की भावना के साथ वैश्विक मंच पर शांति, सहयोग, तकनीक और कूटनीति में अग्रणी भूमिका निभाना। तकनीकी उन्नति: शासन में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसी नई तकनीकों को अपनाना। रक्षा: रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता और नवाचार के साथ वैश्विक शक्ति बनना। “सशक्त भारत” का लक्ष्य एक ऐसा राष्ट्र बनाना है जो उन्नत, आत्मनिर्भर, समानता और सद्भाव से परिपूर्ण हो, और विश्व को दिशा देने में सक्षम हो।
