पत्नी की प्रताड़ना से पति परेशान ! , मांगी इच्छा मृत्यु…, कहा-न्याय नहीं मिला तो दे दूंगा जान
पीड़ित पत्रकार ने पत्नी और ससुराल पक्ष पर झूठे आरोपों में फंसाने का लगाया आरोप

घरघोड़ा/सारंगढ़ (गौरी शंकर गुप्ता)। जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति के जिला कोषाध्यक्ष एवं वरिष्ठ पत्रकार पिंगध्वज कुमार खांडेकर ने अपने ऊपर लगे आरोपों को झूठा बताया और ससुराल पक्ष की प्रताड़ना से तंग आकर कलेक्टर को इच्छा मृत्यु (Euthanasia) की अनुमति देने का आवेदन दिया है। पत्रकार पिंगध्वज कुमार (आयु 39 वर्ष), ग्राम हिर्री, तहसील सारंगढ़ निवासी हैं। उन्होंने कलेक्टर को भेजे पत्र में लिखा है कि उनकी शादी करीब 13 वर्ष पहले सांया खांडेकर से प्रेम विवाह के रूप में हुई थी, जिनसे उनके दो बच्चे हैं। मगर विगत कई वर्षों से पारिवारिक संबंधों में दरार इतनी गहरी हो गई है कि अब स्थिति मानसिक और सामाजिक प्रताड़ना तक पहुंच गई है।
पत्नी और ससुराल पक्ष पर संगीन आरोप : पत्रकार ने अपने आवेदन में लिखा है कि उनकी पत्नी सांया खांडेकर, ससुर , सास , साला, और साली ने मिलकर लगातार मानसिक, सामाजिक और राजनीतिक रूप से उन्हें अपमानित करने की साजिश रची है। “अगर तलाक के कागज पर साइन नहीं करोगे, तो झूठे केस में फंसाने की धमकी दे रहे हैं।
“राजनीतिक रसूख का इस्तेमाल कर रहे हैं ससुराल वाले” : पत्रकार ने आरोप लगाया कि ससुराल पक्ष ने राजनीतिक पार्टी के पदाधिकारी होने का राजनीतिक दबदबा इस्तेमाल करते हुए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को प्रभावित करने की कोशिश की है। उन्होंने बताया कि 10 नवंबर 2025 को पत्नी और साली ने मिलकर उनके खिलाफ नया झूठा बयान देकर सारंगढ़ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई, जिससे वे मानसिक रूप से पूरी तरह टूट गए हैं।
मांगी इच्छा मृत्यु : अपने आवेदन में पिंगध्वज कुमार ने लिखा -“मैं बेहद आहत और मानसिक रूप से टूट चुका हूं। यदि मुझे न्याय नहीं मिला तो मैं सात दिनों के भीतर इच्छा मृत्यु या आत्महत्या के लिए विवश हो जाऊंगा। मेरी मौत की जिम्मेदारी मेरी पत्नी, ससुराल पक्ष और प्रशासन की होगी।” पत्रकार ने इस आवेदन की प्रतिलिपि राष्ट्रपति, राज्यपाल और पुलिस अधीक्षक सारंगढ़-बिलाईगढ़ को भेजी है।
