Big Storygharghoda

बजरमुड़ा जमीन मुआवजा घोटाले में लिप्त अधिकारियों पर कार्यवाही किसके इशारे पर लटकी है?

उच्चस्तरीय संरक्षण मिलने की चर्चा जोरों पर



घरघोड़ा(गौरी शंकर गुप्ता)। छत्तीसगढ़ पावर जनरेशन कंपनी को आवंटित कोल ब्लाक गारे- पेलमा सेक्टर-3 के प्रभावित ग्राम बजरमुड़ा में मुआवजे की गणना को लेकर काफी बड़े रूप में गड़बड़ी की गई है। करीब 100 करोड़ से अधिक की गड़बड़ी, होने की बात सामने आ रही है। राज्य स्तरीय जांच टीम ने इस मामले में गणना पत्रक तैयार करने में शामिल अधिकारियों को आर्थिक अनियमितचा की श्रेणी में संलिप्त होना बताया है जिसके आधार पर कार्रवाई करने का आदेश दिया है। इस मामले में 7 जुलाई को राजस्व विभाग के सचिव ने जिला प्रशासन को कार्रवाई के लिए आदेश दिया है जिसमें गणना के दौरान पदस्थ अधिकारी व कर्मचारियों की सूची तैयार करने के बाद दिनों दो पटवारी मालिक राम राठिया व जितेन्दª पन्ना को निलंबित किया गया है। लेकिन अबतक इसमे षामिल अन्य अधिकारियों की लिस्ट तैयार हो गई है। लेकिन कार्रवाई के लिए अनुषंसा करते हुए षासन को नही भेजा गया है। इसके कारण इस मामले में संलित अन्य अधिकारियों को खुले रूप से संरक्षण मिल रहा है। पुर्नगणना का कार्य भी शुरू नहीं । षासन ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए गणना पत्रक को त्रुटिपूर्ण माना है जिसके कारण पुर्नगणना करने का आदेश दिया है। मानसून सत्र के कारण 15 अक्टूबर के बाद पुर्नगणना करने की बात कही जा रही थी, लेकिन इस मामले में मानसून सत्र समाप्त होने के इस मामले को लेकर षिकायतकर्ता दुर्गेष षर्मा ने बताया कि जिला प्रषासन कछुआ गति से कार्रवाई कर रही है। राज्य षासन के आदेष के बाद भी कार्रवाई करने में जिला प्रशासन को इतना लंबा समय लग रहा है, यह समझ से परे है। इसका सीधा आशय है कि संलिप्त अधिकारियों को संरक्षण दिया जा रहा है।
क्या कहते हैं एस.डी.एम घरघोड़ा?
शासन व उच्च अधिकारियों के आदेष पर दो पटवारियों को निलंबित किया गया है। शेष अधिकारियों पर कार्रवाई के लिए जिला स्तर से प्रस्ताव तैयार होगा इस बारे में मुझे कोई जानकारी नहीं है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button