March 6, 2026

जटिल सर्जरी में 11.4 किलोग्राम के विशाल ओवेरियन ट्यूमर को सफलतापूर्वक निकाला गया

0
mmi
Spread the love

डॉ. भारत भूषण और डॉ. आकांक्षा चिखलिकर ने अपनी टीम के साथ किया सफल ऑपरेशन



रायपुर। एक बड़ी मेडिकल सफलता में, रायपुर के एमएमआई नारायणा हॉस्पिटल के सर्जिकल ऑन्कोलॉजिस्ट्स ने 41 साल की एक महिला के पेट से 11.4 किलो का ओवरी का ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाल दिया। इस ऑपरेशन ने उन्हें जिंदगी जीने का नया मौका दिया। महिला पिछले कई महीनों से पेट फूलना, भारीपन, गैस, और थकान जैसी तकलीफें झेल रही थीं। जब ये परेशानी इतनी बढ़ गई कि संभालना मुश्किल हो गया, तब उन्होंने एम एम आई नारायणा कैंसर केयर में डॉक्टर से परामर्श लिया, जहा जांच और स्कैन में पता चला कि एक बहुत बड़ा अंडाशय (ओवरी) का ट्यूमर उनके पूरे पेट में फैला हुआ है। डॉ. भारत भूषण, (सीनियर कंसल्टेंट सर्जिकल ऑन्कोलॉजी) ने बताया की ये ट्यूमर इतना बड़ा था कि बाकी अंगों को भी दबा रहा था और मरीज के लिए रोज़मर्रा के काम करना भी बेहद मुश्किल हो गया था।”

डॉ भारत भूषण एवं डॉ. आकांक्षा चिखलिकर (एसोसिएट कैंसर सर्जन) ने अपनी टीम के साथ सावधानी प्लान कर के सफल ऑपरेशन किया। यह इसलिए भी खास है क्योकि ट्यूमर का साइज बहुत बड़ा था और दूसरे ऑर्गन्स को नुक्सान होने का खतरा बना हुआ था पर एम एम आई के डॉक्टर्स ने सफलतापूर्वक कर दिया ऑपरेशन के बाद महिला की रिकवरी स्मूथ रही

डॉ. भारत ने कहा- “इतने बड़े ट्यूमर के मामले बहुत कम मिलते हैं और अक्सर देर तक पता भी नहीं चलता। यही वजह है कि नियमित हेल्थ चेकअप कराते रहना चाहिए।” अभी पैथोलॉजी रिपोर्ट आना बाकी है, लेकिन शुरुआती संकेत अच्छे हैं। मरीज ने डॉक्टरों, एनेस्थेसियोलॉजिस्ट और नर्सिंग टीम को धन्यवाद देते हुए कहा “अब मुझे सच में लग रहा है कि मैं सांस ले पा रही हूं सिर्फ शरीर से ही नहीं, मन से भी। मैं बेहद आभारी हूं, डॉक्टरों ने सिर्फ मेरा भरोसा नहीं जीता, उन्होंने मेरी जिंदगी लौटा दी।”ये सफल सर्जरी महिलाओं की सेहत के प्रति जागरूकता और सर्जिकल तकनीक में हुई तरक्की का एक बेहतरीन उदाहरण है, जो अब ऐसे मामलों में उम्मीद की किरण बन रही है।

एम. एम. आई. नारायणा हॉस्पिटल के बारे में:

एम. एम. आई. नारायणा हॉस्पिटल, रायपुर अगस्त 2011 में तब अस्तित्व में आया जब पहले से स्थापित 56 बेड हॉस्पिटल को अत्याधुनिक उपकरण, सुविधओं, नवीनतम ऑपरेशन थिएटर और चिकित्सकीय कौशल से संयुक्त 157 बेड क्षमता वाले हॉस्पिटल में रूपान्तरित किया गया। आज यह हॉस्पिटल 250 बेड की क्षमता के साथ मध्यभारत का अग्रणी चिकित्सकीय संस्थान बन गया है जो हृदयरोग, मष्तिस्क विज्ञान, गुर्दारोग, जनरल एवं लेप्प्रोस्कोपी सर्जरी, कैंसर रोग विभाग और हड्डीरोग जैसे क्षेत्रों में विस्तृत एवं उत्कृष्ट सेवाएं दे रहा है। हॉस्पिटल का लगभग 1.26 लाख वर्ग फुट इमारती क्षेत्र 3 एकड के परिसर में फैला है। रायपुर शहर के सबसे मध्य इलाके में बसा यह हॉस्पिटल मरीजों शीघ्र स्वस्थ्यलाभ के लिए सबसे उपयुक्त जगह है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *